मॉनसून का मौसम शुरू हो गया है। बारिश का यह समय सेहत के लिहाज से बहुत ही संवेदनशील मौसम है। मॉनसून/ बरसात/ बारिश के मौसम में फूड पॉइजनिंग का खतरा हमेशा बना रहता है। सबसे पहले आपको बताते हैं कि, किन कारणों से फूड पॉइजनिंग होती है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!- फ्रिज में काफी समय तक रखे गए खाद्य पदार्थों के उपयोग से
- बासी और फफूंद युक्त खाना खाने से।
- अधपका भोजन खाने से।
- गंदे बर्तनों में खाना खाने से।
- मांसाहार से।
- फूड पॉइजनिंग का सबसे बड़ा लक्षण यह है कि अगर खाना खाने के 1 घंटे से 6 घंटे के बीच उल्टियां शुरू हो जाती हैं, तो मान लेना चाहिए कि व्यक्ति को फूड पॉइजनिंग की शिकायत है। यह मुख्यतः बैक्टीरिया युक्त भोजन करने से होता है। इससे बचाव के लिए कोशिश यही होना चाहिए कि घर में साफ-सफाई से बना हुआ ताजा भोजन ही किया जाए। इसे तुरंत काबू में करने के लिए डॉक्टर से सलाह लेना चाहिए।
- बार-बार प्यास लगने पर हम जहां कुछ भी ठंडा पी लेते हैं, वहीं इस मौसम में खाद्य पदार्थों को भी खराब होते समय नहीं लगती। ऐसे में हम सभी को अपनी सेहत के प्रति पूरी सावधानी रखनी चाहिए।
- अगर बाहर का खाना खा रहे हैं तो ध्यान रखें कि खुले में रखे हुए खाद्य पदार्थों तथा एकदम ठंडे और असुरक्षित भोजन का सेवन न करें।
- इन दिनों ब्रेड, पाव आदि में जल्दी फंफूद लग जाती है इसलिए इन्हें खरीदते समय या खाते समय इनकी निर्माण तिथि को जरूर देख लें। घर के किचन में भी साफ-सफाई रखें। गंदे बर्तनों का उपयोग न करें। कम एसिड वाला भोजन करें।
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