हरियाणा डेस्क: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और आरजेडी प्रमुख लालू यादव को बहुचर्चित चारा घोटाले के डोरंडा ट्रेजरी मामले में सीबीआई की स्पेशल अदालत पांच साल की सजा सुनाई है। साथ ही कोर्ट ने लालू यादव पर 60 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इससे पहले कोर्ट ने 15 फरवरी को 139 करोड़ रुपये की अवैध निकासी के मामले में लालू यादव को दोषी करार दिया था।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
चारा घोटाले में लालू यादव के खिलाफ ये पांचवां और अंतिम मामला
सीबीआई की विशेष अदालत ने सरकारी धन के दुरुपयोग, भ्रष्टाचार और साजिश रचने के आरोप में आईपीसी की धारा 120बी, 420, 409, 467, 468, 471, 477ए और पीसी एक्ट की धाराएं 13 (2),13 (1), (सी) के तहत इस घोटाले में साजिश रचने के आरोप में दोषी करार दिया है। चारा घोटाले में लालू यादव के खिलाफ ये पांचवां और अंतिम मामला है। जिसमें उन्हें सजा सुनाई गई। इससे पहले चार मामले चाईबासा के दो, देवघर और दुमका कोषागार केस में उन्हें सजा मिल चुकी है। फिलहाल लालू प्रसाद और डा केएम प्रसाद रिम्स में भर्ती है।

लालू की जिंदगी का ये सबसे बड़ा फैसला
इस केस को लालू की जिंदगी का ये सबसे बड़ा फैसला माना जा रहा है। दरअसल लालू यादव को ब्लड प्रेशर और शुगर की परेशानी है। साथ ही उनके किडनी की स्थिति बिगड़ने की भी बात सामने आ रही है। बताया जा रहा है कि लालू प्रसाद का किडनी अभी महज 20 प्रतिशत ही काम कर रही है। ऐसे में ये सजा उनके और उनके पूरे परिवार को मुश्किल भरा हो सकता है।
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
