नई दिल्ली। देश में कैंसर के बढ़ते मामलों के बीच ब्रिटेन की फार्मा कंपनी AstraZeneca की नई दवा Enhertu (trastuzumab deruxtecan) ने बाजार में तहलका मचा दिया है। साल 2024 में लॉन्च होने के बाद पहले ही साल में 58 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड बिक्री के साथ यह देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली नई दवा बन गई।
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यह आंकड़ा भारत में कैंसर के मामलों में तेजी से हो रही वृद्धि को भी दर्शाता है। हेल्थकेयर डेटा एनालिटिक्स कंपनी IQVIA के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, पिछले एक साल में बाजार में 3,100 से अधिक नए ब्रांड लॉन्च हुए, जिनकी कुल बिक्री 1,097 करोड़ रुपये तक पहुंच गई।
सन फार्मा और डॉ रेड्डीज का भी दमदार प्रदर्शन
AstraZeneca के बाद देश की सबसे बड़ी दवा कंपनी सन फार्मा रही, जिसने 18 नए ब्रांड लॉन्च कर 50 करोड़ रुपये की बिक्री दर्ज की। वहीं, डॉ रेड्डीज ने 51 नए ब्रांड के साथ 45 करोड़ रुपये का कारोबार किया।
पेट की बीमारियों से जुड़ी दवाओं ने सबसे ज्यादा कमाई की, जिसमें 394 ब्रांड्स से 167 करोड़ रुपये की बिक्री हुई। कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली दवाओं ने भी बाजार में शानदार प्रदर्शन किया, 94 ब्रांड्स से 150 करोड़ रुपये की बिक्री हुई। इसके अलावा, विटामिन और मिनरल्स कैटेगरी में 505 ब्रांड्स से 126 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ।
सबसे ज्यादा बिकने वाली दवाएं
दवा बाजार में सबसे ज्यादा बिकने वाले ब्रांड एंटीबायोटिक Augmentin और मधुमेह की दवा Mixtard रहे, जिनकी मासिक बिक्री 75-80 करोड़ रुपये रही। ब्रिटिश फार्मा कंपनी GSK की Augmentin ने 830 करोड़ रुपये की सालाना कमाई के साथ नंबर 1 दवा का स्थान बरकरार रखा। पिछले एक साल में इस दवा की बिक्री में 9.3% की वृद्धि हुई।
दवा बाजार में तेजी, 8-10% की वार्षिक वृद्धि
भारत का दवा बाजार वर्तमान में 2.2 लाख करोड़ रुपये से अधिक का हो चुका है और इसमें 8-10% की सालाना वृद्धि हो रही है। जनवरी 2024 में दवाओं की कीमतों में हुई वृद्धि के कारण बाजार में 5% की तेजी देखी गई, जबकि नए उत्पादों की एंट्री से 2.6% और बिक्री की मात्रा बढ़ने से 0.9% की वृद्धि हुई।
कुछ खास सेगमेंट में दवाओं की बिक्री बाजार की औसत वृद्धि से भी बेहतर रही। हृदय रोग (10.2%), पेट की बीमारियां (10.9%), विटामिन (9.2%), मानसिक स्वास्थ्य (10%) और त्वचा रोग (10.1%) की दवाओं की बिक्री में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
इसके विपरीत, संक्रमण, मधुमेह, सांस की बीमारियां, दर्द और महिलाओं से जुड़ी बीमारियों के इलाज की दवाओं की बिक्री में धीमी वृद्धि देखी गई। सन फार्मा और टॉरेंट फार्मा जैसी कुछ कंपनियों ने डबल डिजिट ग्रोथ दर्ज की है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बढ़ती दवाओं की मांग
विशेषज्ञों का मानना है कि भारत में बढ़ती जनसंख्या, बदलती जीवनशैली और स्वास्थ्य के प्रति बढ़ती जागरूकता के चलते दवा बाजार में तेजी जारी रहेगी। खासतौर पर कैंसर, हृदय रोग और मधुमेह जैसी बीमारियों के लिए नई और प्रभावी दवाओं की मांग बढ़ रही है। Enhertu की जबरदस्त सफलता इस बात का संकेत है कि भारत में कैंसर के इलाज के लिए एडवांस दवाओं की आवश्यकता लगातार बनी रहेगी।
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