चंडीगढ़, 11 जुलाई 2025 — पंजाब विधानसभा के विशेष सत्र का दूसरा दिन आज कई बड़े फैसलों और राजनीतिक तंजों के बीच समाप्त हुआ। सत्र की कार्यवाही दोपहर करीब 2:20 बजे समाप्त हुई, जिसमें डैमों की सुरक्षा, धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी, पशु क्रूरता और श्रमिक हितों से जुड़े महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा और पारित होने की कार्यवाही हुई।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!BBMB से CISF हटाने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित
पंजाब सरकार ने केंद्र सरकार को घेरते हुए भाखड़ा ब्यास मैनेजमेंट बोर्ड (BBMB) से CISF हटाने का प्रस्ताव विधानसभा में पेश किया, जिसे सर्वसम्मति से पारित कर दिया गया। इस प्रस्ताव का मकसद पंजाब के जल संसाधनों और बांधों की सुरक्षा के लिए राज्य पुलिस को तैनात करना है। सीएम भगवंत मान ने कहा कि यह कदम पंजाब की संप्रभुता और अधिकारों को सुनिश्चित करने की दिशा में उठाया गया है।
केंद्र सरकार और पीएम मोदी के विदेश दौरों पर मान का तंज
सीएम भगवंत मान ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विदेश दौरों को निशाने पर लिया और तंज कसते हुए कहा कि “देश को छोड़कर 10 हजार की आबादी वाले देशों में जाना और वहां पुरस्कार पाना किस उद्देश्य की पूर्ति करता है?” मान ने कहा कि जब देश को मजबूत नेतृत्व की ज़रूरत है, तब पीएम बाहर दौरे कर रहे हैं।
पशु क्रूरता संशोधन विधेयक: परंपराओं को मिली कानूनी मान्यता
सत्र के दौरान पशु क्रूरता संशोधन विधेयक भी सर्वसम्मति से पारित किया गया। इस पर चर्चा करते हुए सीएम मान ने संत राम उदासी की कविता सुनाई और कहा कि पहली बार विधानसभा में बेजुबानों के हक में आवाज उठ रही है।
उन्होंने कहा कि पंजाब के गांवों में बैलों की दौड़ जैसी पारंपरिक खेलों को अब कानूनी सहमति मिल गई है, लेकिन विधेयक में स्पष्ट किया गया है कि दौड़ के दौरान पशुओं पर किसी तरह की हिंसा नहीं होगी — न डंडे का प्रयोग, न किसी वस्तु से मारना, केवल हल्के थपथपाने की अनुमति दी गई है।
मान ने कहा, “गांवों की ये परंपराएं हमारी विरासत हैं, जिन्हें बचाना हमारी जिम्मेदारी है।” साथ ही आवारा कुत्तों की समस्या पर भी उन्होंने चिंता जताई और कहा कि इस मामले को केंद्र सरकार के सामने उठाया जाएगा।
धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी पर विधेयक जल्द, सभी दलों से होगी चर्चा
सीएम ने विधानसभा को आश्वासन दिया कि धार्मिक ग्रंथों की बेअदबी को लेकर प्रस्तावित विधेयक सभी पक्षों की सलाह के बाद लाया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह मामला बेहद संवेदनशील है और सभी दलों की सहमति से ही कानून बनाया जाएगा।
श्रमिकों और व्यापारियों के लिए दो बड़े विधेयक पारित
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पंजाब दुकान और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान संशोधन विधेयक 2025
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पंजाब श्रम कल्याण निधि संशोधन विधेयक 2025
दोनों विधेयक सर्वसम्मति से पारित किए गए। सीएम मान ने कहा कि इन बदलावों से श्रमिकों के अधिकार सुरक्षित होंगे और व्यापार करने की प्रक्रिया और आसान बनेगी।
CGC यूनिवर्सिटी झंजेड़ी को मिली विधानसभा की मंजूरी
मोहाली की CGC यूनिवर्सिटी (झंजेड़ी) को पंजाब विधानसभा ने विश्वविद्यालय का दर्जा दे दिया। इसके साथ ही प्रदेश में मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों की संख्या 19 हो गई है। यह बिल भी सर्वसम्मति से पारित किया गया।
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