मोहाली,08 अप्रैल : पंजाब पुलिस की एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) को एक बड़ी सफलता मिली है। लॉरेंस बिश्नोई और रोहित गोदारा गिरोह के दो खतरनाक गुर्गे — जशन संधू और गुरसेवक सिंह — को गिरफ्तार किया गया है। दोनों लंबे समय से पुलिस की मोस्ट वांटेड लिस्ट में थे और कई संगीन अपराधों में शामिल थे। इनके पास से एक .32 बोर की पिस्तौल और सात जिंदा कारतूस भी बरामद हुए हैं।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
पंजाब के डीजीपी गौरव यादव ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर इस गिरफ्तारी की जानकारी साझा करते हुए बताया कि जशन संधू गिरोह में लॉजिस्टिक सपोर्ट का मुख्य जिम्मेदार था। वह न केवल भारत में बल्कि विदेशों में भी नेटवर्क को सक्रिय रखे हुए था।
2023 में विदेश भागा, बदले कई ठिकाने
जांच में सामने आया है कि जशन संधू राजस्थान के श्रीगंगानगर में 2023 में हुए एक हत्याकांड में शामिल था। गिरफ्तारी से बचने के लिए वह पहले जॉर्जिया, अजरबैजान, सऊदी अरब और फिर दुबई पहुंचा। हाल ही में वह नेपाल से होते हुए सड़क मार्ग के जरिए भारत में दाखिल हुआ, जहां पुलिस ने उसे दबोच लिया।
हवाला नेटवर्क और विदेशी कनेक्शन का पर्दाफाश
पूछताछ में पुलिस को कई चौंकाने वाली जानकारियां मिली हैं। जशन ने गिरोह को फाइनेंसिंग और मूवमेंट में मदद देने वाले विदेशी हवाला ऑपरेटरों, ट्रैवल एजेंटों और भगोड़े बदमाशों के ठिकानों के बारे में खुलासा किया है। पुलिस अब इन नेटवर्क्स को ध्वस्त करने के लिए अभियान तेज कर रही है।
डीजीपी बोले – गैंगस्टर नेटवर्क पर कसेगा शिकंजा
डीजीपी गौरव यादव ने कहा, “यह गिरफ्तारी गैंगस्टर नेटवर्क के खिलाफ हमारी जीरो टॉलरेंस नीति का हिस्सा है। AGTF लगातार ऐसे अपराधियों पर नजर बनाए हुए है जो राज्य की शांति और सुरक्षा को खतरे में डालते हैं।”
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
