खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री कर्ण देव कंबोज रविवार को रोहतक अनाज मंडी में पहुंचे और गेहूं की आवक व उठान कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने मंडी में आए गेहूं की नमी व गेहूं के कट्टे का तोल कर माप यंत्रों की जांच पड़ताल भी की। इस दौरान पत्रकारों से बातचीत में खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री ने कहा कि प्रदेश की मंडियों में गेहूं की आवक का कार्य एक अप्रैल से शुरू हो गया था। पिछले 10-12 दिनों से भारी मात्रा में गेहूं मंडियों में आया है और उठान का कार्य भी तेजी से हो रहा है। शनिवार तक प्रदेश की मंडियों में 65 लाख मिट्रिक टन गेहूं की आवक हो चुकी है। पिछले वर्ष सीजन में प्रदेश की मंडियों में 74 लाख मिट्रिक टन गेहूं की आवक हुई थी और इस बार गेहूं का अधिक उत्पादन हुआ है। इसलिए इस बार और अधिक आवक होने की संभावना है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!वहीं इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए कर्ण देव कम्बोज ने प्रदेश में आगजनी से फसलों को हुए नुकसान का 12 हजार रूपए प्रति एकड़ के हिसाब से किसानों मुआवजा दिए जाने की बात कही। खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री कर्ण देव कंबोज ने कहा है कि इस बारे में विशेष गिरदावरी के आदेश दिए जा चुके हैं। नुकसान का आंकलन करने के बाद किसानों को शीघ्र मुआवजा दे दिया जाएगा।
कर्ण देव कंबोज ने कहा कि मंडियों में गेहूं के रखरखाव व बारदाने आदि की समुचित व्यवस्था की गई है। सभी खरीद एजेंसियों द्वारा लगातार गेंहू की खरीद करके साथ-साथ उठान का कार्य किया जा रहा है। वे प्रदेश की 50 से भी अधिक मंडियों का दौरा कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि सीएम मनोहर लाल खट्टर ने निर्देश दिए हैं कि मंडियों को अधिक से अधिक शैड लगाकर कवर किया जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को अपने गेहूं बेचने के लिए दूर न जाना पड़े इसके लिए उनके समीप ही छोटे-छोटे खरीद केंद्र सीजन के दौरान बनाए गए हैं।
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
