पंजाब डेस्क: एक ओर जहां कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों ने लंबे समय से चल रहा आंदोलन खत्म कर दिया है, तो वहीं अब भारतीय किसान यूनियन (एकता उगराहां) के बैनर तले किसानों ने अपनी बाकी बची मांगों के लिए पंजाब सरकार के खिलाफ धरना शुरू कर दिया है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!किसानों का यह आंदोलन 24 दिसंबर तक चलेगा
किसानों का यह आंदोलन 24 दिसंबर तक चलेगा। इस आंदोलन के तहत किसानों ने कई जिलों के डिप्टी कमिश्नर के ऑफिस के बाहर पक्के मोर्चे लगाए हैं। किसान आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले लोगों के लिए 5 लाख का मुआवजा और परिजन के लिए नौकरी बीकेयू उगराहां की मुख्य मांगों में से एक है।
फसल खराब होने पर 17 हजार प्रति एकड़ के मुआवजे की मांग
बीकेयू उगराहां ने फसल खराब होने पर 17 हजार प्रति एकड़ के मुआवजे की मांग की है। पंजाब में जिन किसानों ने कर्ज की वजह से आत्महत्या की है उनके परिजनों के लिए तीन लाख रुपये के मुआवजे और परिवार के एक सदस्य के लिए नौकरी की मांग की गई है।
पंजाब सरकार पर लगाया वादे पूरे नहीं करने का आरोप
इसके अलावा बीकेयू उगराहां की मांग है कि, छोटे किसानों के लिए सरकार दो लाख रुपये की कर्ज माफी करे. बीकेयू उगराहां की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि पंजाब सरकार किसानों को किए गए अपने वादों को पूरा करने में फेल साबित हुई है। इसके साथ ही जोगिंद्र सिंह उगराहां ने मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी भी दी।
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
