Wednesday , 12 August 2026
गुरुग्राम में गैंगस्टरों के नेटवर्क पर बड़ा एक्शन, 6 आरोपी गिरफ्तार

गुरुग्राम में गैंगस्टरों के नेटवर्क पर बड़ा प्रहार, 6 गैंगस्टर गिरफ्तार; हथियारों का जखीरा बरामद

HaryanaNews-गुरुग्राम क्राइम ब्रांच ने विदेश में बैठे कुख्यात गैंगस्टरों के नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने अंतरराज्यीय गिरोह से जुड़े 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से ऑटोमैटिक पिस्टल, कारतूस, मोबाइल फोन और हवाला से जुड़ी रकम बरामद होने का दावा किया गया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी गुरुग्राम और दिल्ली-NCR में बड़े कारोबारियों और अन्य लोगों से रंगदारी मांगने वाले नेटवर्क से जुड़े थे।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

बड़े अपराध की साजिश नाकाम करने का दावा

गुरुग्राम क्राइम ब्रांच ने बुधवार को कार्रवाई करते हुए गिरोह के 6 सदस्यों को गिरफ्तार किया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की तैयारी में थे। समय रहते हुई गिरफ्तारी से संभावित हत्या या हमले की साजिश को नाकाम किया गया है।

पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि आखिर किस वारदात को अंजाम देने की तैयारी थी और इस नेटवर्क में इनके साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।

रोहतक और दिल्ली तक फैला नेटवर्क

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों में रोहतक के अलग-अलग इलाकों से जुड़े कई लोग शामिल हैं। इनमें योगेश उर्फ कछुआ, शुभम सिक्का, संदीप हुड्डा, रोहित उर्फ शक्ति, बलविंदर उर्फ सोनू और सुरजीत के अलावा दिल्ली निवासी गौरव अरोड़ा का नाम सामने आया है।

पुलिस का कहना है कि इनमें कई आरोपियों के खिलाफ पहले से ही गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। बलविंदर उर्फ सोनू पर हत्या, जानलेवा हमला, अपहरण, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट समेत कई मामले दर्ज बताए गए हैं।

विदेश में बैठे गैंगस्टरों से जुड़े होने का दावा

एसीपी क्राइम-2 ललित दलाल के मुताबिक, आरोपी विदेश में बैठे गैंगस्टर हिमांशु भाऊ और दीपक नांदल के इशारे पर काम कर रहे थे। पुलिस के अनुसार, सोशल मीडिया के जरिए आरोपियों का अपने विदेशी आकाओं से संपर्क बना रहता था।

जांच में सामने आया है कि यह नेटवर्क गुरुग्राम, हरियाणा और दिल्ली-NCR के इलाकों में सक्रिय था।

बिल्डरों और कारोबारियों से मांगी जाती थी रंगदारी

पुलिस के मुताबिक, गिरोह का मुख्य काम बड़े बिल्डरों, कारोबारियों और मनोरंजन जगत से जुड़े लोगों को फोन कर रंगदारी मांगना था। आरोप है कि मांग पूरी नहीं होने पर आरोपियों द्वारा डर पैदा करने के लिए फायरिंग जैसी वारदातों को अंजाम दिया जाता था।

पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस नेटवर्क ने पहले कितनी वारदातों को अंजाम दिया और किन लोगों को निशाना बनाया गया था।

रेकी से लेकर हवाला तक अलग-अलग जिम्मेदारियां

जांच में पुलिस ने गिरोह के काम करने के तरीके को लेकर भी जानकारी जुटाई है। पुलिस के अनुसार, गिरोह के कुछ सदस्य संभावित शिकार की लोकेशन और मोबाइल नंबर की जानकारी जुटाते थे।

इसके बाद रंगदारी की रकम को शूटरों तक पहुंचाने का काम किया जाता था। वहीं, दिल्ली के चांदनी चौक से जुड़े गौरव अरोड़ा पर कथित तौर पर हवाला के जरिए अपराध से जुड़े पैसों को इधर-उधर करने का आरोप है।

पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर जिम्मेदारी लेने का तरीका भी गिरोह द्वारा इस्तेमाल किया जाता था।

ऑटोमैटिक पिस्टल समेत हथियार बरामद

क्राइम ब्रांच ने आरोपियों के पास से 4 ऑटोमैटिक पिस्टल, 18 कारतूस, 6 मोबाइल फोन और हवाला से जुड़ी करेंसी बरामद करने का दावा किया है।

फिलहाल पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ कर रही है। जांच का मुख्य फोकस इस बात पर है कि बरामद हथियारों का इस्तेमाल किस वारदात में किया जाना था और गिरोह के पीछे और कौन-कौन लोग सक्रिय हैं।

पुलिस की जांच जारी

गुरुग्राम क्राइम ब्रांच अब आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड, विदेश में बैठे आरोपियों से संपर्क और संभावित टारगेट की जानकारी खंगाल रही है। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान इस पूरे नेटवर्क से जुड़े कई और अहम खुलासे हो सकते हैं।

About webadmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *