
पंचकूला:- इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ होमियोपेथी सिस्टम आफ मेडिसन हरियाणा के द्वारा पंचकूला के सैक्टर – 5 स्थित इंद्रधनुष में दो दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया। जिसका उद्घाटन हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता ने किया । इस अवसर पर हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में आयुष विभाग ने काफी तरक्की की है। लोगों ने होमियोपेथी में विश्वास बड़ा हैं। बीमारी का इलाज बड़ी सुगमतापूर्वक होता है। कोविड के दौरान होमियोपेथी में विशेष पहचान बनाई है। कोविड की विषम परिस्थितियों में से निकालने का प्रयास किया। होमियोपेथी के द्वारा स्थायी इलाज होता है। हालांकि ऐलोपैथी एमरजेंसी सेवाओं में बहुत अधिक कारगार है, परन्तु लाइलाज बीमारियों को ठीक करने में होमियोपेथी अधिक कारगार साबित होती है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
इस सेमिनार में देश के विभिन्न राज्यों के इलावा विदेश से भी प्रसिद्व डाॅक्टर विश्व होमियोपेथी कांफ्रेस में भाग लेने के लिए आए हैं। जो स्थायी इलाज होमियोपेथी से हो सकता है, वो शायद ऐलोपैथी से नहीं हो सकता। हालांकि ऐलोपैथी हमारे जीवन का अभिन्न अंग बन चुकी है तथा एमरजेंसी सेवाओं में उसकी अति आवश्यकता है। आयुष का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि देश की प्राचीन पद्वतियों को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के नेतृत्व में होमियोपेथी काॅलेज तथा कुरक्षेत्र में आयुष विश्वविद्यालय की स्थापना करना इन विधायों को बढ़ाने के लिए मील के पत्थर साबित हो रहे है। वहीं पंचकूला में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में 500 करोड़ का आयुष एमस बनाया जा रहा है, जो भविष्य में आयुर्वेद, योगा, यूनानी व होमियोपेथी में अनुसंधान भी करेंगे तथा इलाज करेंगे।

डाॅ विनोद सांगवान, हरियाणा इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ होमियोपेथी के प्रधान ने बताया कि दो दिवसीय सेमिनार का पंचकूला में आयोजन किया जा रहा है। इसमें यूएई, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया सहित देश के लगभग सभी राज्यों के डाॅक्टर पहुंचे हैं। इसमें 56 वक्ता विभिन्न विषयों पर अपने विचार रखेंगे। इस सम्मेलन में शोधकर्ता कोविड के पश्चात् आई शारीरिक समस्याओं को सुलझाने के लिए भी प्रयास करेंगे।
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
