Saturday , 12 September 2026
Bharat Bandh 2025

ट्रेड यूनियनों का ‘Bharat Bandh’ आज: क्यों हो रही हड़ताल, क्या खुलेगा और क्या बंद होगा? जानिए

Bharat Bandh 2025 : आज पूरे देश में श्रमिक संगठनों द्वारा भारत बंद का आह्वान किया गया है, जो राष्ट्रव्यापी हड़ताल के रूप में मनाया जा रहा है। इस हड़ताल में 25 करोड़ से अधिक श्रमिकों के भाग लेने का दावा किया जा रहा है, और इसका मुख्य उद्देश्य केंद्र सरकार की श्रमिक-विरोधी और किसान-विरोधी नीतियों के खिलाफ विरोध जताना है। हड़ताल का आह्वान 10 केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के साझा मंच ने किया है, जिसमें किसान संगठनों और ग्रामीण मजदूर यूनियनों का भी समर्थन है।

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हड़ताल का मुख्य कारण

आज की हड़ताल का मुख्य कारण केंद्र सरकार द्वारा लागू किए गए चार नए श्रम संहिताओं (Labour Codes) हैं, जिन्हें ट्रेड यूनियनों ने विरोध किया है। इन संहिताओं का आरोप है कि ये श्रमिकों के अधिकारों को कमजोर करती हैं, हड़तालों को कठिन बनाती हैं, काम के घंटों को बढ़ाती हैं और श्रमिकों के लिए नौकरी सुरक्षा और उचित वेतन को खतरे में डालती हैं। इसके साथ ही, निजीकरण और ठेका श्रमिकों की बढ़ती भूमिका के खिलाफ भी यह विरोध प्रदर्शन हो रहा है।

संघर्षरत संगठनों का कहना है कि सरकार ने उनकी 17-सूत्रीय मांगों को नजरअंदाज किया है और पिछले 10 वर्षों में कोई श्रम सम्मेलन भी नहीं बुलाया गया।

क्या-क्या प्रभावित हो सकता है?

  1. बैंकिंग और बीमा सेवाएं
    बैंक और बीमा क्षेत्र की सेवाओं में बड़ी बाधाएं आने की संभावना है। हालांकि आज औपचारिक बैंक अवकाश नहीं है, लेकिन शाखाओं और एटीएम में सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।

  2. डाक सेवाएं
    डाक विभाग की सेवाएं भी बंद हो सकती हैं, जिसके कारण पत्रों और पार्सल की डिलीवरी में देरी हो सकती है।

  3. कोयला खनन और औद्योगिक उत्पादन
    कोयला खनन और औद्योगिक उत्पादन के कार्य में रुकावटें आ सकती हैं, जिससे बिजली उत्पादन और अन्य उद्योगों पर असर पड़ सकता है।

  4. राज्य परिवहन सेवाएं
    राज्य परिवहन सेवाएं, जैसे बस और अन्य सार्वजनिक परिवहन की सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं, जिससे यात्रियों को परेशानी हो सकती है।

  5. सरकारी दफ्तर और सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयां
    सरकारी दफ्तर और सार्वजनिक क्षेत्र की इकाइयों में भी कार्य बाधित हो सकता है।

  6. किसान रैलियां और ग्रामीण इलाकों में आंदोलन
    ग्रामीण इलाकों में किसान और श्रमिक संगठनों की रैलियां हो सकती हैं, जिनमें आंदोलन के समर्थन में बड़ी संख्या में लोग शामिल हो सकते हैं।

क्या खुलेगा और क्या बंद रहेगा?

खुला रहेगा:

  • स्कूल और कॉलेज: इन संस्थानों पर इस हड़ताल का कोई असर नहीं होगा और ये सामान्य रूप से खुले रहेंगे।

  • निजी दफ्तर: निजी दफ्तरों में कामकाजी दिन सामान्य रहेगा, हालांकि हड़ताल में भाग लेने वाले कर्मचारी कम हो सकते हैं।

  • रेलवे: रेलवे की ओर से कोई आधिकारिक हड़ताल का नोटिस नहीं है, लेकिन विलंब या व्यवधान हो सकता है।

बंद रहेगा:

  • बैंक और बीमा सेवाएं: बैंक शाखाएं और एटीएम सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।

  • डाक सेवाएं: डाक सेवाएं बाधित हो सकती हैं।

  • कोयला खनन और औद्योगिक उत्पादन: कोयला खनन और औद्योगिक उत्पादन की गतिविधियां ठप हो सकती हैं।

  • राज्य परिवहन सेवाएं: राज्य बस सेवा, टैक्सी और अन्य परिवहन के साधनों में बाधा आ सकती है।

आंदोलन का समर्थन करने वाले प्रमुख संगठन

  • ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (AITUC)

  • इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस (INTUC)

  • सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन्स (CITU)

  • हिंद मजदूर सभा (HMS)

  • सेल्फ-एम्प्लॉयड वूमेन्स एसोसिएशन (SEWA)

  • लेबर प्रोग्रेसिव फेडरेशन (LPF)

  • यूनाइटेड ट्रेड यूनियन कांग्रेस (UTUC)

समर्थक संगठन

  • संयुक्त किसान मोर्चा

  • ग्रामीण मजदूर यूनियनें

  • रेलवे, एनएमडीसी और स्टील उद्योग के कर्मचारी

आंदोलन में हिस्सा लेने वाले

इस हड़ताल में न केवल औपचारिक क्षेत्र के श्रमिक शामिल हो रहे हैं, बल्कि अनौपचारिक क्षेत्र जैसे स्वरोजगार समूह, सेल्फ-एम्प्लॉयड वूमेन्स एसोसिएशन (SEWA) और ग्रामीण समुदाय भी इसमें शामिल हो रहे हैं।

किसान संगठन संयुक्त किसान मोर्चा जो पहले कृषि कानूनों के खिलाफ अग्रणी था, भी इस हड़ताल का समर्थन कर रहे हैं। इसके अलावा रेलवे, NMDC लिमिटेड और स्टील प्लांट्स के कर्मचारी भी हड़ताल में शामिल हैं।

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