शंभू बॉर्डर, 16 जनवरी: किसान संगठनों ने एक बार फिर 21 जनवरी को दिल्ली कूच का ऐलान किया है। किसान नेता मनजीत सिंह राय और बलवंत सिंह बेहरामके के नेतृत्व में जत्था दिल्ली के लिए रवाना होगा। शंभू बॉर्डर पर प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने बताया कि 13 फरवरी 2022 से किसान MSP समेत अपनी अन्य मांगों को लेकर शंभू और खनोरी बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन अब तक सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
धारा 307 का विरोध
2022 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फिरोजपुर दौरे के दौरान प्रदर्शन कर रहे किसानों पर 2025 में धारा 307 लगाने के मामले को लेकर भी किसान नेताओं ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि अगर पंजाब सरकार या पुलिस किसानों पर किसी भी तरह की कार्रवाई करती है, तो इसका कड़ा विरोध किया जाएगा।
किसानों की प्रमुख मांगें
न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) की गारंटी।
किसानों पर लगाए गए सभी मामले वापस लिए जाएं।
आंदोलन के दौरान मारे गए किसानों के परिवारों को मुआवजा।
दिल्ली कूच की तैयारी
किसान नेताओं ने कहा कि यह आंदोलन सरकार को उनकी मांगों के प्रति संवेदनशील बनाने के लिए है। 21 जनवरी को दिल्ली कूच के दौरान बड़ी संख्या में किसान शामिल होंगे। उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।
सरकार से अपील
किसानों ने पंजाब और केंद्र सरकार से अपील की है कि वे आंदोलन को हल्के में न लें और किसानों की मांगों को प्राथमिकता दें। उन्होंने कहा कि किसान देश की रीढ़ हैं और उनके अधिकारों के लिए संघर्ष करते रहेंगे।
Pratham Tehelka Pratham Tehelka News
